
11वें वर्ष निकली रथ यात्रा, सैकड़ों श्रद्धालुओं ने खींचा भगवान जगन्नाथ का रथ | भजन-कीर्तन, ढोल-नगाड़ों और लोक नृत्य से भक्तिमय हुआ माहौल
महेश्वर। निमाड़ की धार्मिक नगरी महेश्वर में गुरुवार को भगवान जगन्नाथ की भव्य रथ यात्रा श्रद्धा और उल्लास के साथ निकाली गई। पूरी की ऐतिहासिक रथ यात्रा की तर्ज पर आयोजित इस यात्रा का यह 11वां वर्ष रहा। भगवान जगन्नाथ, भाई बलराम और बहन सुभद्रा को विधि-विधान से रथ में विराजित कर नगर भ्रमण कराया गया।
पेशवा मार्ग स्थित जगन्नाथ धाम मंदिर से रथ यात्रा का शुभारंभ हुआ। धार्मिक मान्यता के अनुसार भगवान जगन्नाथ अस्वस्थता काल के बाद स्वस्थ होकर अपने भक्तों का हाल जानने और नगरवासियों को दर्शन देने के लिए रथ पर सवार होकर नगर भ्रमण पर निकलते हैं।
रथ यात्रा में सैकड़ों श्रद्धालुओं ने भगवान जगन्नाथ का रथ खींचकर पुण्य लाभ अर्जित किया। पूरे नगर में “जय जगन्नाथ” के जयकारे गूंज उठे। मार्ग में बड़ी संख्या में श्रद्धालु भगवान के दर्शन के लिए उमड़े और पुष्पवर्षा कर रथ यात्रा का स्वागत किया।
भजन-कीर्तन, ढोल-नगाड़ों की गूंज और पारंपरिक लोक नृत्य ने पूरे वातावरण को भक्तिमय बना दिया। महिला, पुरुष, युवा और बच्चे बड़ी संख्या में यात्रा में शामिल हुए और भगवान की भक्ति में झूमते नजर आए।

करीब 500 मीटर लंबी यह रथ यात्रा लगभग एक घंटे तक नगर भ्रमण करती रही। यात्रा का समापन मंदिर परिसर में महाआरती और महाप्रसादी वितरण के साथ किया जाएगा।
इस अवसर पर गुरु माता जगतगिरी, महंत संत हृदयगिरी महाराज और क्षेत्रीय विधायक राजकुमार मेव ने भगवान जगन्नाथ की पूजा-अर्चना कर क्षेत्र की सुख-समृद्धि की कामना की।
यात्रा में मंडल अध्यक्ष विक्रम पटेल, महादेव पाटीदार सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालु मौजूद रहे। सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पुलिस प्रशासन भी पूरी यात्रा के दौरान मुस्तैद रहा।
खरगोन से दिग्विजय सिंह पटेल की रिपोर्ट







