
खरगोन जिले के भीकनगांव में राष्ट्रीय राजमार्ग NH-347B के चौड़ीकरण के लिए अधिग्रहित की जा रही कृषि भूमि के बदले उचित मुआवजे की मांग को लेकर प्रभावित किसानों ने एसडीएम एवं सक्षम भू-अर्जन प्राधिकारी को ज्ञापन सौंपा।
ज्ञापन में किसानों ने कहा कि भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) द्वारा देशगांव–जुलवानिया खंड के अंतर्गत उनकी उपजाऊ कृषि भूमि का अधिग्रहण किया जा रहा है। किसानों का कहना है कि यही भूमि उनके परिवार की आजीविका का मुख्य आधार है, इसलिए उन्हें न्यायसंगत मुआवजा मिलना चाहिए।
किसानों ने मध्य प्रदेश सरकार के हालिया कैबिनेट निर्णय का हवाला देते हुए मांग की कि ग्रामीण क्षेत्रों में विकास परियोजनाओं के लिए अधिग्रहित कृषि भूमि पर मल्टीप्लिकेशन फैक्टर 2.0 लागू करते हुए गाइडलाइन दर के आधार पर 4 गुना मुआवजा दिया जाए। उन्होंने यह भी मांग की कि भूमि का मूल्यांकन वर्तमान बाजार मूल्य के अनुरूप किया जाए।
ज्ञापन में कहा गया कि सरकार विकास कार्यों को आगे बढ़ाए, लेकिन किसानों के आर्थिक हितों और पुनर्वास का भी समान रूप से ध्यान रखा जाए। किसानों का कहना है कि मुख्यमंत्री की घोषणा और कैबिनेट के निर्णय के अनुसार उन्हें 4 गुना मुआवजा दिया जाना चाहिए।

प्रभावित किसानों ने एसडीएम से अनुरोध किया कि भू-अर्जन अधिकारियों एवं NHAI को आवश्यक निर्देश जारी कर नए नियमों के अनुसार संशोधित मुआवजा देने की प्रक्रिया शीघ्र पूरी कराई जाए।
उल्लेखनीय है कि केंद्र सरकार ने जून 2026 में NH-347B के उन्नयन एवं चौड़ीकरण परियोजना को मंजूरी दी थी। इस परियोजना के तहत देशगांव–जुलवानिया सहित कई हिस्सों का विकास किया जा रहा है






