
रतनगढ़ | UGC एक्ट के विरोध में चल रही 600 किलोमीटर स्वर्ण न्याय यात्रा के तहत गुरुवार को राजस्थान के रतनगढ़ में भव्य मशाल यात्रा का आयोजन किया गया। यात्रा का नेतृत्व आंदोलन के प्रमुख महिपाल सिंह मकराना ने किया। इस दौरान हजारों की संख्या में समर्थक हाथों में मशाल और बैनर लेकर सड़कों पर उतरे तथा UGC एक्ट को वापस लेने की मांग को लेकर जोरदार प्रदर्शन किया।
मशाल यात्रा रतनगढ़ के प्रमुख मार्गों से होकर निकली, जहां जगह-जगह लोगों ने यात्रा का स्वागत किया। पूरे मार्ग पर “UGC एक्ट वापस लो”, “सवर्ण समाज को न्याय दो” और “स्वर्ण न्याय यात्रा जिंदाबाद” जैसे नारों से माहौल गूंजता रहा। यात्रा में युवा, महिलाएं, बुजुर्ग और विभिन्न सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधि बड़ी संख्या में शामिल हुए।
इस अवसर पर महिपाल सिंह मकराना ने कहा कि यह आंदोलन किसी व्यक्ति या संगठन का नहीं, बल्कि न्याय और अधिकारों की लड़ाई है। उन्होंने कहा कि UGC एक्ट के विरोध में शुरू की गई 600 किलोमीटर स्वर्ण न्याय यात्रा को प्रदेशभर में व्यापक जनसमर्थन मिल रहा है और जब तक मांगों पर सकारात्मक निर्णय नहीं लिया जाता, तब तक आंदोलन जारी रहेगा।
उन्होंने समर्थकों से शांतिपूर्ण और लोकतांत्रिक तरीके से अपनी आवाज बुलंद करने का आह्वान करते हुए कहा कि यात्रा का उद्देश्य समाज को जागरूक करना और अपनी मांगों को सरकार तक पहुंचाना है।
रतनगढ़ में निकली मशाल यात्रा के दौरान सुरक्षा व्यवस्था भी चाक-चौबंद रही। बड़ी संख्या में लोगों की मौजूदगी के बावजूद यात्रा शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुई। स्थानीय नागरिकों ने भी जगह-जगह यात्रा का स्वागत किया और आंदोलन के प्रति अपना समर्थन व्यक्त किया।
600 किलोमीटर की स्वर्ण न्याय यात्रा लगातार विभिन्न शहरों और कस्बों से होकर आगे बढ़ रही है। प्रत्येक पड़ाव पर बड़ी संख्या में लोगों की भागीदारी देखने को मिल रही है, जिससे आंदोलन को लगातार मजबूती मिल रही है।
रतनगढ़ में निकली यह भव्य मशाल यात्रा इस आंदोलन के अब तक के प्रमुख आयोजनों में से एक मानी जा रही है, जिसमें हजारों लोगों की भागीदारी ने आंदोलन की व्यापकता और जनसमर्थन को स्पष्ट रूप से प्रदर्शित किया।
— करणी सेना न्यूज मध्यप्रदेश





